*अहिंसा का प्रकाशपूंज- आचार्य श्री महाश्रमणजी के जन्मोत्सव, पट्टोत्सव और दीक्षा दिवस पर विशेष*
विश्व व्यापी भयाक्रांत का गांभीर्य माहौल है। चारों ओर त्राहि-त्राहि मची हुई है। चित पुकार की आवाजें गूंज रही है। शांति की पुकार! कहीं विस्तारवाद की नियति में दब रही है, तो कहीं प्रलोभन की चकाचौंध में दब रही है, तो कहीं अपने आपको शक्तिशाली दृशाने के चक्रव्यूह में दबाई जा रही है तो कहीं … Read more