बीकानेर, 11 नवम्बर। जैनाचार्य जिन पीयूष सागर सूरीश्वरजी महाराज व मुनिवृंद, साध्वीश्री विजयप्रभा, प्रभंजनाजी महाराज आदि ठाणा 5 के सान्निध्य रविवार को ढढ्ढा चौक भक्ति संगीत संध्या हुई, जिसमें कोलकाता के नवीन नवलखा व पार्टी ने देर रात तक भजनों से श्राताओं को भक्ति रस से सराबोर कर दिया। उन्होंने विभिन्न राग व तर्जों पर भोमियाजी, दादा गुरुदेव व तीर्थंकरों के भजन सुनाकर श्रोताओं को भक्तिरस में झूमने के लिए मजबूर कर दिया।
मंगलवार को सुबह सवा नौ बजे श्रेणी तप की सातवीं लड़ी की तपस्या करने वाली श्रीमती चन्द्रा नाहटा पत्नी पूनमचंद नाहटा की शोभायात्रा निकलेगी, जो भगवान आदिनाथ, चिंतामणि मंदिर में दर्शन वंदन करते हुए ढढ्ढा चौक के प्रवचन पंडाल पहुंचेगी। वहां तपस्वी का अभिनंदन श्री सुगनजी महाराज का उपासरा ट्रस्ट व श्री जिनेश्वर युवक परिषद की ओर से किया जाएगा।
श्रद्धा व भक्ति नैनों में रखें
आचार्यश्री जिन पीयूष सागर सूरीश्वरजी के सान्निध्य में सोमवार को मुनि शाश्वत रतन सागर महाराज ने कहा कि श्रद्धा व भक्ति को नैनों में रखें। पवित्रता के लिए प्रेम, प्रसन्नता के लिए आशा व पुण्य श्रद्धा व भक्ति की आखं रखें। इस अवसर पर जलगांव व छतीसगढ़ की श्राविकाओं ने गुरुवंदना के भजन प्रस्तुत किए। चैन्नई के विकास गुलेच्छा मुनि श्रमण रतन सागर के (सांसारिक पुत्र), डॉ.प्रेक्षा छाजेड़, कुशल छाजेड़, लक्ष्मीचंद बोहरा, वीरमाता श्रीमती सुनीता पारख का अभिनंदन किया गया।
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भक्तामर पाठ आज
बीकानेर, 11 नवम्बर। जैन श्वेताम्बर तपागच्छ के मुनि पुष्पेन्द्र विजय व श्रुतानंद विजय महाराज के सान्निध्य में मंगलवार को सुबह नौ बजे बागड़ी मोहल्ले में स्थित वयोवृद्ध सुश्राविका माणक देवी, भंवर लाल सावनसुखा निवास पर भक्तामर का पाठ रखा गया है। आयोजन से जुड़े लोकेश सावनसुखा ने बताया कि मुनिवृंद को गाजे-बाजे से रांगड़ी चौक की तपागच्छीय पौषधशाला से बागडी मोहल्ला के सावनसुखा निवास पहुंचेंगे। जहां उनका गुरुवंदन कर भक्तामर का पाठ किया जाएगा।


























