
एक कंपनी बनी है जो अंतिम क्रिया करवाएगी 37500/फीस है उसकी सदस्यता अर्थी पंडित नाई कांधा देने वाले साथ में चलने वाले राम नाम सत्य बोलने वाले सब उसी के होंगे अस्थियां विसर्जन भी वहि करवाएगी। New start up समझ लो जो 50लाख प्रॉफिट तो कमा चुकी है आने वाले समय में उसका कारोबार 2000करोड़ होने की संभावना है। नई संस्कृति भारत में क्यूकि कंपनी को पता है की हिन्दुस्तान में रिश्ते निभाने का टाईम किसी के पास नहीं है ना बेटे के पास न भाई के पास 5000 अंतिम संस्कार करवा चुकी अब तक मय्यत के सामान की दुकान तो देखी थी पर मय्यत के सामान की प्रदर्शनी में स्टाल पहली बार देख रहा हूं l रिश्तों की परिभाषा ही बदल गई हैं ll















