बीकानेर । पीबीएम ट्रॉमा सेंटर में सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति का त्वरित गति से जटिल ऑपरेशन कर घुटने से 28 इंच की लोहे की रॉड सफलतापूर्क निकाली, घुटना सुरक्षित है ।दुर्घटना गुरुवार दोपहर 1:00 बजे हुई।
ट्रॉमा सेंटर निदेशक एवं अस्थिरोग विभागाध्यक्ष डॉ बी एल खजोटिया ने बताया कि 12, एम एल डी, घड़साना, (गंगानगर ) के 40 वर्षीय रोगी पप्पी खान सड़क दुर्घटना में घायल हो गए थे । रोगी को लगभग दोपहर बाद पीबीएम ट्रॉमा सेंटर आपातकालीन इकाई में लाया गया। रोगी के बाएं घुटने के पार्श्व में भाग में लोहे की रॉड धंसी हुई थी, जो त्रिकोणीय आकार की थी । जिसकी लंबाई लगभग 28 इंच थीं और चौड़ाई: लगभग 4 से.मी. थी। जो भीषण दुर्घटना के कारण हुई चोट के परिणामस्वरूप थी । रोगी सचेत अवस्था में था। रक्तस्त्राव चल रहा था । घुटने में सूजन, विकृति थी।
डॉ खजोटिया ने बताया कि रोगी की गंभीरता को देखते हुए आवश्यक तैयारी के बाद लगभग रात 8:30 बजे आपातकालीन ऑपरेशन थियेटर में शिफ्ट किया गया। घुटने के बीच में फंसी रॉड को निकालते समय पांवों की रगो के क्षतिग्रस्त होने का खतरा था । जिनकी सुरक्षा सुनिश्चित करते हुए कार्डियो थोरेसिक वेस्कुलर (हृदयरोग सर्जन) सर्जन डॉ सर्वेश को ऑपरेशन में शामिल किया गया । ऑपरेशन पूर्व अन्य संरचनाओं हड्डी, लिंगामेंट, रत्तवाहिका, नस की जॉच व सुरक्षा प्रबंधन किया गया। दो घंटे चले जटिल ऑपरेशन कर लोहे की रॉड को सुरक्षित और सफलतापूर्वक निकाला गया । घाव की पूर्णतया जांच एवं उपचार के बाद ड्रेसिंग की गई । रोगी पूर्णतया स्वस्थ है ।
यह ऑपरेशन ट्रॉमा सेंटर निदेशक एवं अस्थिरोग विभागाध्यक्ष डॉ बी एल खजोटिया, सीटीवीएस सर्जन डॉ सर्वेश के नेतृत्व में डॉ विक्रांत , डॉ कमल , डॉ राजेंद्र मीना टीम ने किया । एनेस्थीसिया विभाग का पूरा सहयोग रहा जिसमें डॉ हर्षिता और डॉ अनीश ने कार्य को अंजाम दिया । इस जटिल बाद मरीज मरीज़ के पैर की नसें पूर्ण रूप से कार्य कर रही हैं ।















