बीकानेर –
राष्ट्रीय वन्य जीव दिवस पर सामाजिक कार्यकर्ता भूरमल सोनी ने पोस्टर्स के माध्यम से वन्य जीव संरक्षण का सन्देश दिया। वन्य जीव पार्क में प्रदर्शन कर बताया कि दुनिया में जंगली जानवरों का शिकार और वनस्पतियों का अन्धाधुंध दोहन किये जाने से पर्यावरण के बचाव के लिए वन्य जीवों का संरक्षण आवश्यकहै। वन्यजीवो का पर्यावरण को संतुलित रखने में क्रमिक योगदान है अतः वनों की कटाई तथा शिकार की वजह से कई प्रजातियां प्रायः लुप्त होने की कगार पर है। वन्यजीव अपराधों के खिलाफ लड़ने तथा पर्यावरण के बचाव में योगदान के लिए वन्य जीवों का संरक्षण करना संधारणीय जीवन जीने की कोशिश करना आवश्यक है।
शेर ,बाघ, टाईगर चिता,खरगोश,हाथी, गोह, मोर,कोबरा,हिरण , नेवला आदि जानवरों आदि वन्य जीवों का शिकार कर खाल व शरीर के अंगों को अंतराष्ट्रीय बजारो में तस्करों द्वारा महंगे दामों में बेचे जा रहे जिस पर सख्ती से रोक लगाना जरूरी है तथा कड़ा कानून लागू होना चाहिए।[बार एसोसिएशन भीम जिला राजसमंद के पूर्व संगठन अध्यक्ष अधिवक्ता भगत सिंह चौहान शौर्य वर्धन सिंह, वृंदा चौहान, नारायण सुईवाल, नक्षत्र, नित्या सुईवाल
आदि ने वन्य जीवो के संरक्षण की आवश्यकता जताते हुए सन्देश दिया। अधिवक्ता भगतसिंह चौहान ने वन्य जीवों के शिकार की कानूनी जानकारी एवं अपराध पर सजा के बारे में बताया।
लक्ष्मण सहदेव, महावीर कुमार, राजकुमार पांडिया
शौर्य वर्धन सिंह, वृंदा चौहान, नारायण सुईवाल, नक्षत्र, नित्या सुईवाल
आदि ने वन्य जीवो के संरक्षण की आवश्यकता जताते हुए सन्देश दिया।
















