

नोखा । यहाँ तहसील परिसर स्थित श्री अर्केश्वर महादेव मंदिर में 11 अक्टूबर से 17 अक्टूबर तक आयोजित श्रीमद् भागवत कथा शुक्रवार को सम्पन्न हो गई। सातवें दिन व्यास पीठ पर विराजित विद्धवान पंडित ओम प्रकाश महर्षि ने द्वारिका लीला, सुदामा चरित्र व पूजन, नव योगेश्वर संवाद, 24 गुरुओं की कथा और परिक्षित मोक्ष की कथा का अमृत उपस्थित नर-नारी दर्शक श्रोताओं को रसपान करवाया । महाराज ने कृष्ण सुदामा की मार्मिक कथा सुनाई। भगवान कृष्ण और रुकमणि की अलग-अलग झांकिया सजाई गई दो कृष्ण और दो रुकमाणियां के रूप कोमल प्रताणी कृष्ण व लक्ष्मी तोषनीवाल रुकमाणि और दुसरी झांकी में उन्नति सोनी कृष्ण व दिव्यांगी शर्मा रुक्मणि के रूप में पात्र थे। और भावेश उपाध्याय सुदामा का रोल निभा रहे थे। कथा सातवें दिन व्यास पीठ से व्यास ओमप्रकाश महर्षि ने सभी धर्म प्रेमियों श्रोताओ और सहयोग करने वालों सभी का आभार जताते हुए आशिर्वाद दिया सातों दिन मुख्य श्रोता यजमान छगनलाल राठी व उनकी धर्म पत्नि के कार्य कलापो, व्यवहार आदि की प्रशसा करते हुए उन्हें आशिर्वाद दिया। व्यासजी व मंदिर व्यवस्थापक लालचन्द उपाध्याय द्वारा सभी का आभार जताया। नोखा के सभी मिडिया कर्मियों का भी अच्छे कवरेज के लिए आभार जताया। सातवें दिन रोड़ा वाले महावीर महाराज पंचारिया भागवताचार्य एवं विद्वान पंडित पधारे उन्होंने व्यासजी का स्वागत किया और व्यास पीठ पर विराजित व्यास जी ने महावीर महाराज का स्वागत किया और उनसे बोलने के आग्रह पर महावीरजी ने संक्षिप्त रूप में प्रवचन दिया। होमायत द्वारा पूर्णाहुति के साथ श्रीमद् भागवत कथा सम्पन्न हुई।














