नोखा यहाँ लाहोटी चौक वीर हनुमान मंदिर के समीपी अयोध्या धाम के विशाल पांडाल में चातुर्मास सत्संग समिति नोखा की ओर से 29 जुलाई से 20 अक्टूबर तक आयोजित हो रहे भव्य चातुर्मास महोत्सव के पावन अवसर पर श्री वाल्मीकि रामायण कथा के साथ-साथ भगवान शंकर का प्रिय पवित्र श्रावण मास में प्रातः 8 बजे से 10 बजे तक भगवान शंकर की विशेष पूजा अर्चना, अभिषेक आचार्यजी सहित विद्वान पाँच पंडितों द्वारा मंत्रोच्चार सहित विधिविधान से करवाई जा रही है। हर रोज पूजा करने वाले शिव भक्त विधिवत पूजा करके घर परिवार सहित क्षेत्र की सुख-समृद्धि, शांति एवं खुशहाली की कामना कर रहे हैं। पिछले दिनों की भांति 26 अगस्त बुधवार को भी बड़ी तादाद में नर नारी शिव भक्तों ने पार्थिव शिव लिंगों की पूजा अर्चना एवं अभिषेक व सहस्त्रार्चन किया। और पूजा पश्चात शिव लिंगों का विसर्जन किया गया। सांय 4 बजे परम पूज्य ब्रह्मानन्द सरस्वती महाराज (दंडी स्वामी) ने बड़ी तादाद में उपस्थित नर नारी दर्शक श्रोताओं को वाल्मीकि रामायण में भरत प्रसंग की कथा का रसपान करवाते हुए भाव विभोर कर दिया। उन्होंने कहा कथा हमारे मन में गन्दगी बुराई को निकाल कर मन को निर्मल कर देती हैं । कथा को सुनकर अपने जीवन में उतारे भाई भरत की तरह प्रेम भाव होना चाहिए । आयोजन मीडिया प्रभारी इंद्रचन्द मोदी द्वारा जारी प्रेस नोट में बताया कि गुरुवार 27 अगस्त को प्रातः 7:30 बजे नोखा के समीपी नोखागांव के तालाब पर श्रावणी का आयोजन होगा जिसमें यज्ञोपवीत धारित श्रद्धालु शामिल होंगे। रक्षा बंधन के अवसर पर यज्ञोपवीत बदलने व पितरों को तर्पण करने की मान्यता है जिससे स्वयं और पितरों का कल्याण होता है। समिति के दामोदर तिवाड़ी, प्रहलाद मोहता, गिरधारी पारीक, गोपाल मोहता, जुगल लोहिया, पवन चांडक व्यवस्थाओं पर नजर रख रहे हैं।















