Bikaner Live

विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस पर पीबीएम अस्पताल में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

बीकानेर, 10 सितंबर। विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस के अवसर पर गुरुवार को पीबीएम अस्पताल के मानसिक रोग विभाग एवं डी-एडिक्शन एंड एलाइड ब्रांचेज की ओर से जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।

कार्यक्रम में विभागाध्यक्ष एवं आचार्य डॉ. श्रीगोपाल गोयल ने आत्महत्या के कारणों, बचाव एवं मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता पर जानकारी दी। उन्होंने बताया कि संयुक्त परिवार का कमजोर होना, सोशल मीडिया का अत्यधिक उपयोग, नशे की प्रवृत्ति, अवसाद तथा सामाजिक एवं पारिवारिक परिस्थितियां आत्महत्या के विचारों को बढ़ावा दे सकती हैं।

विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार विश्व में हर 40 सेकंड में एक व्यक्ति आत्महत्या करता है। कार्यक्रम में युवाओं में सड़क दुर्घटनाओं के बाद होने वाली मौतों तथा आत्महत्या को लेकर भी जागरूक किया गया। मानसिक स्वास्थ्य संबंधी जानकारी और सहायता के लिए टोल-फ्री नंबर 14416 के बारे में भी बताया गया।

जिला नोडल अधिकारी एवं मनोरोग विभाग के डॉ. हेमकुल सिंह आचार्य ने आत्महत्या की रोकथाम के उपायों पर चर्चा की। उन्होंने संयुक्त परिवार, अध्यात्म तथा मानसिक रोगों के उपचार की भूमिका पर प्रकाश डाला।
उन्होंने एन.सी.आर.बी. की रिपोर्ट के आंकड़े भी साझा करते हुए बताया कि वर्ष 2018 में एक लाख 34 हजार 516, वर्ष 2019 में एक लाख 39 हजार 123, वर्ष 2020 में एक लाख 53 हजार 52 तथा वर्ष 2021 में एक लाख 64 हजार 33 आत्महत्याएं दर्ज की गईं। उन्होंने बताया कि आत्महत्या रोकथाम को केवल मानसिक स्वास्थ्य का विषय न मानकर सामाजिक स्तर पर भी गंभीरता से लेने की आवश्यकता है।
कार्यक्रम में आत्महत्या के विचार से जूझ रहे लोगों के प्रति संवेदनशील व्यवहार करने और उन्हें अकेला न छोड़कर सहयोग एवं सहायता उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया। साथ ही स्कूल-कॉलेजों में जागरूकता बढ़ाने, संकट के समय बेहतर मानसिक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने तथा समाज में आत्महत्या को लेकर बातचीत के तरीके में सकारात्मक बदलाव लाने की आवश्यकता बताई गई।

कार्यक्रम का संचालन डॉ. महीपाल सिंह ने किया। इस दौरान स्टाफ को विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस पर शपथ भी दिलाई गई। कार्यक्रम में विनोद पंचारिया सहित समस्त स्टाफ ने भाग लिया।

Picture of Gordhan Soni

Gordhan Soni

खबर

Related Post

error: Content is protected !!