
“इट्स वैरी इम्पोर्टेन्ट दैट व्हाट वी पे बैक टू अवर सोसाइटी, यह सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण है की हम अपने समाज में क्या योगदान दे रहे हैं। ये कहना है आकाश के बीकानेर ब्राँच हेड दिग्विजय सिंह जोधा का.. “
आकाश के 35वें फोडेशन डे पर आयोजित रक्तदान शिविर में मीडिया को सम्बोधित करते हुए जोधा ने ये बात कही। उन्होंने कहा कि आकाश के नार्थ जोन की सभी शाखाओं में आज एक नवाचार के रूप में अपने फाउंडेशन डे पर रक्तदान शिविर का आयोजन किया है। जोधा ने कहा कि विद्यार्थियों के भविष्य निर्माण को पूर्ण रूप से समर्पित आकाश के अध्यापकों ने आज के इस रक्तदान शिविर में भी बढ़ चढ़ कर भाग लिया। उन्होंने पी बी एम अस्पताल से रक्त संग्रहण हेतु पधारी पूरी टीम सहित बीकाणा ब्लड सेवा समिति के कार्यकर्ताओं और मीडिया का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि रक्तदान के जरिए हम मानव मात्र की रक्षा और सेवा के लिए अपना जो योगदान देते हैं उसमे सभी का सहयोग अपेक्षित रहता है।
इस अवसर पर आकाश के कर्मचारियों को मोटीवेट करते हुए असिस्टेंट डायरेक्टर इंद्रजीत साहू ने कहा कि रक्तदान को महादान कहा जाता है क्योंकि रक्त उस परमात्मा की दी हुई ऐसी देन है जिसका निर्माण अभी तक कृत्रिम रूप में किया जाना संभव नहीं हो सका है। यह हमारा सौभाग्य ही है जो हम रक्तदान करके किसी जरूरत मंद की सहायता कर सकते हैं। अपनी भावनाओं को व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि आकाश के माध्यम से मुझे ऐसे आयोजन से जुड़ने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है। इस आयोजन के लिए उन्होंने आकाश के सभी उच्चाधिकारियों का आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर बीकाणा ब्लड सेवा समिति के राष्ट्रिय अध्यक्ष रवि पारीक ने कहा कि आकाश ने आज रक्तदान शिविर का आयोजन कर एक अनुकरणीय नवाचार किया है। उन्होंने कहा कि मेरा मानना है कि प्रत्येक मनुष्य को साल में दो बार रक्तदान करना चाहिए। पारीक ने रक्तदान से किसी भी प्रकार की कमजोरी आने जैसी भ्रान्ति पर बोलते हुए कहा कि ये गलत धारणा है कि रक्तदान से किसी प्रकार की कमजोरी आती है, इसके विपरीत रक्तदान करने से मनुष्य अनेक बिमारियों के चंगुल में आने से बच जाता है।
इस अवसर पर रक्त के संग्रहण हेतु अपनी टीम के साथ पधारे डॉ कुलदीप मेहरा ने बताया कि एक बार रक्तदान करने पर जो रक्त शरीर से लिया जाता है उसकी पूर्ती तीन माह में हो जाती है। उन्होंने भी इस बार पर जोर दिया कि एक स्वस्थ मनुष्य प्रत्येक छह माह में रक्तदान कर सकता है। उन्होंने आकाश के इस नवाचार पर आकाश की पूरी टीम का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि हमें आशा है कि आगे यह रक्तदान का कार्य आकाश द्वारा निरन्तन जारी रखा जाएगा। डॉ मेहरा ने जानकारी देते हुए बताया कि एक स्वस्थ व्यक्ति के शरीर से जो ब्लड संग्रहित किया जाता है उस से तीन मनुष्यों की जान बचाई जा सकती है। उन्होंने कहा कि ब्लड बैंक ऐसे रक्तदाताओं के कारण ही सफल होता है। ऐसे दानदातओं के द्वारा दिया गया ब्लड ही जरूरतमंद को उपलब्ध करवाया जाता है।
आपको बता दें कि मेडिकल और इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं, स्कूल/बोर्ड परीक्षाओं, एनटीएसई, ओलंपियाड और अन्य फाउंडेशन स्तर की परीक्षाओं की तैयारी करने वाले छात्रों के लिए भारत के एक अग्रणी संस्थान आकाश एजुकेशनल सर्विसेज लिमिटेड (आकाश BYJU’S) ने आज अपना 35वां फॉउण्डेशन डे पूरे नार्थ जोन की सभी शाखाओं में रक्तदान शिविर आयोजित कर मनाया है। आकाश के रीजनल डायरेक्टर (नार्थ जोन) परमेश्वर झा, रीजनल हेड(राजस्थान) गौरव पेरिवाल और एरिया बिज़नेस हेड गौरव कुलश्रेष्ठ से प्राप्त जानकारी के अनुसार अपने 35वें फाउंडेशन डे पर आकाश द्वारा समस्त शाखाओं पर आयोजित रक्तदान शिविर में 1000 यूनिट से अधिक ब्लड संग्रहण हुआ।
एक तरफ आकाश के अध्यापक अपनी कड़ी मेहनत और लगन के साथ आकाश को बुलंदियों पर पहुंचा रहे हैं। वहीं दूसरी तरफ आकाश के वो सितारे जो आकाश के प्रबंधन को संभाले हुए हैं। आकाश की सफलता में इनका भी महत्वपूर्ण योगदान है। या यूं कहे की ये आकाश की परदे के पीछे रहने वाली टीम है जिसने आकाश की सफलता में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया है। आज रक्तदान शिविर के अवसर पर भी इस प्रबंधन टीम द्वारा समर्पित कार्यकर्त्ता के रूप में शिविर की सभी व्यवस्थाओं को सम्भालने में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया गया।












