
दिव्यांग सेवा संस्थान बीकानेर में मूक बधिर बालक बालिकाओं द्वारा आज 16/02/2024 को लोक देवता माने जाने वाले भगवान देवनारायण जी की जयंती मनाई गई।
सेवानिवृत शिक्षा विभाग सुभाष यादव ने बताया कि देवनारायण जी अपने जीवन में शिक्षा के साथ-साथ घुड़सवारी और हथियार चलाना भी सीखा था। इसी दौरान उन्होंने शिप्रा नदी के तट पर भगवान विष्णु की कठिन साधना की और वहां पर गुरुओं से तंत्र शिक्षा भी प्राप्त की।
अध्यापक रोहित कुमार ने बताया कि देवनारायण का जन्म राजस्थान के भीलवाड़ा में हुआ था।
संस्थान संचालक जेठा राम ने बताया कि भगवान श्रीकृष्ण की तरह देवनारायण भी गायों के रक्षक थे। उनके पास 98000 तकरीबन पशुधन था। मान्यता है कि देवनारायण ने पांच ऐसी गायें खोजी थी, जिनमें सामान्य गायों से अलग विशिष्ट लक्षण दिखते थे। देवनारायण प्रतिदिन सुबह उठते ही सबसे पहले उन्हीं गौ माता के दर्शन करते थे, उसके बाद ही आगे का कोई काम किया करते थे।
कार्यक्रम में रोहिताश कांटिया, ओमप्रकाश, दिलीप उपाध्याय, सिया आदि मौजूद रहे।














