
डागा चौक, बीकानेर में हादसे के बाद लोगों में आक्रोश, प्रशासन पर उठे सवाल
बीकानेर। शहर के डागा चौक स्थित गोपीनाथ भवन के पास चल रहे सीवर लाइन के कार्य में भारी लापरवाही सामने आई है। शुक्रवार सुबह एक गाय की करंट लगने से दर्दनाक मौत हो गई। बताया जा रहा है कि सीवर लाइन बदलने के नाम पर लंबे समय से सड़कें खोदकर छोड़ी गई हैं, जिससे न केवल आवागमन बाधित हो रहा है बल्कि जानलेवा हालात भी बनते जा रहे हैं।
स्थानीय मोहल्लेवासियों ने बताया कि खुदाई के कारण जगह-जगह खुले गड्ढों में नालियों का पानी जमा हो रहा था। इसी दौरान सुबह एक गाय वहां से गुजर रही थी, तभी पास में लगे लोहे के पोल में करंट दौड़ गया, जिसकी चपेट में आने से गाय की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना की जानकारी मिलते ही क्षेत्र में रोष फैल गया। बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौके पर एकत्रित हो गए और जिम्मेदार अधिकारियों को तुरंत बुलाने की मांग करने लगे। लोगों का कहना है कि हादसे के काफी समय बाद तक भी कोई जिम्मेदार अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा, जिससे जनता में नाराजगी और बढ़ गई।
इधर, सूचना पर गौ सेवक मौके पर एंबुलेंस लेकर पहुंचे और मृत गाय को हटाने की प्रक्रिया शुरू की। घटनास्थल पर भारी भीड़ जमा हो गई और लोगों ने प्रशासन व ठेकेदार कंपनी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
स्थानीय लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि सीवर लाइन की खुदाई का कार्य जिस कंपनी द्वारा किया जा रहा है, उसके पास कार्य से संबंधित कोई वैध आदेश या अनुमति की प्रति तक मौजूद नहीं है। इस बात से प्रशासनिक निगरानी पर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
मोहल्लेवासियों का कहना है कि यदि समय रहते सुरक्षा इंतजाम किए जाते, खुले गड्ढों को ढका जाता और बिजली के पोल व तारों की जांच होती, तो यह हादसा टल सकता था। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई और कार्यस्थल को सुरक्षित नहीं बनाया गया, तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
कांग्रेस नेता अरुण व्यास बताया कि
घटना ने एक बार फिर शहर में चल रहे विकास कार्यों में लापरवाही और सुरक्षा मानकों की अनदेखी को उजागर कर दिया है। अब देखने वाली बात यह होगी कि प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है और जिम्मेदारों पर कब कार्रवाई होती है।



























