
बीकानेर। बीकानेर के वरिष्ठ एवं प्रतिष्ठित फोटोग्राफर दिनेश मारू के निधन पर फोटोग्राफी जगत में शोक की लहर है। फोटोग्राफी के क्षेत्र में अपनी कला, अनुभव और विशिष्ट कार्यशैली के माध्यम से अलग पहचान बनाने वाले दिनेश मारू की स्मृति में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इसमें बीकानेर के अनेक वरिष्ठ फोटोग्राफर, प्रेस फोटोग्राफर एवं फोटोग्राफी क्षेत्र से जुड़े दिग्गज शामिल हुए और उन्होंने दिवंगत फोटोग्राफर को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
श्रद्धांजलि सभा में उपस्थित फोटोग्राफरों ने दिनेश मारू के साथ बिताए अपने अनुभवों को साझा करते हुए उनके व्यक्तित्व एवं फोटोग्राफी के क्षेत्र में उनके योगदान को याद किया। वक्ताओं ने कहा कि दिनेश मारू ने अपने कैमरे के माध्यम से न केवल अनेक महत्वपूर्ण पलों को संजोया, बल्कि बीकानेर के फोटोग्राफी जगत को भी अपनी कला और अनुभव से समृद्ध किया। वे नई पीढ़ी के फोटोग्राफरों के लिए प्रेरणास्रोत रहे।
इस अवसर पर अर्चना कलर लैब के संचालक श्री अशोक अग्रवाल ने कहा कि दिनेश मारू के निधन से फोटोग्राफी जगत ने अपना एक महत्वपूर्ण स्तंभ खो दिया है। उन्होंने कहा कि दिनेश मारू का फोटोग्राफी के प्रति समर्पण और उनका अनुभव हमेशा याद किया जाएगा। उनके जाने से फोटोग्राफी के क्षेत्र में जो रिक्तता उत्पन्न हुई है, उसकी भरपाई आसान नहीं है।
वहीं प्रदीप चौहान ने कहा कि दिनेश मारू जैसे कलाकार का चले जाना फोटोग्राफी जगत के लिए बड़ी क्षति है। उन्होंने कहा कि अपनी कला, मेहनत और लंबे अनुभव के कारण दिनेश मारू ने जो मुकाम हासिल किया, उसे हासिल करना आसान नहीं है। उनकी कमी हमेशा महसूस होती रहेगी और उनकी यादें फोटोग्राफरों के बीच सदैव जीवित रहेंगी।
श्रद्धांजलि सभा में उपस्थित प्रेस फोटोग्राफरों सहित शहर के अनेक वरिष्ठ एवं युवा फोटोग्राफरों ने भी दिनेश मारू के योगदान को याद किया। सभी ने कहा कि उन्होंने अपने जीवन में फोटोग्राफी को केवल पेशे के रूप में नहीं, बल्कि कला के रूप में अपनाया और अपनी विशिष्ट पहचान बनाई।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी फोटोग्राफरों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि अर्पित की तथा ईश्वर से शोक संतप्त परिवार को इस अपूरणीय क्षति को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की।
श्रद्धांजलि सभा में उपस्थित फोटोग्राफी जगत के लोगों ने कहा कि दिनेश मारू भले ही आज उनके बीच नहीं हैं, लेकिन उनके द्वारा खींची गई तस्वीरों, उनकी कला, अनुभव और फोटोग्राफी के प्रति समर्पण के माध्यम से उनकी स्मृतियां हमेशा जीवित रहेंगी।













