मेडिकल विद्यार्थियों को स्वस्थ जीवनशैली, तनाव प्रबंधन और मन की समझ के दिए टिप्स, प्रसाद का भी किया वितरण
बीकानेर। सरदार पटेल मेडिकल कॉलेज, बीकानेर में आयोजित ओरिएंटेशन सत्र के अंतर्गत इस्कॉन बीकानेर की ओर से 16 से 19 सितंबर 2026 तक चार विशेष सेमिनार आयोजित किए जा रहे हैं। चार दिवसीय इस कार्यक्रम का उद्देश्य मेडिकल शिक्षा की शुरुआत कर रहे विद्यार्थियों को अकादमिक अध्ययन के साथ-साथ स्वस्थ जीवनशैली, तनाव प्रबंधन, मन की समझ तथा आंतरिक प्रसन्नता जैसे महत्वपूर्ण विषयों के प्रति जागरूक करना है। कार्यक्रम के विभिन्न सत्रों में बड़ी संख्या में मेडिकल विद्यार्थी उत्साहपूर्वक भाग ले रहे हैं।
इस्कॉन बीकानेर के केंद्र प्रभारी श्रीमान संकर्षण प्रिय प्रभुजी ने बताया कि मेडिकल शिक्षा का प्रारंभिक चरण विद्यार्थियों के जीवन में अत्यंत महत्वपूर्ण होता है। इस दौरान विद्यार्थी पढ़ाई, परीक्षाओं, प्रशिक्षण और भविष्य की व्यावसायिक जिम्मेदारियों को लेकर अनेक प्रकार के दबाव का सामना करते हैं। ऐसे में केवल शैक्षणिक ज्ञान ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों के लिए अपने जीवन, मन और भावनाओं को संतुलित रखना सीखना भी आवश्यक है। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए ओरिएंटेशन कार्यक्रम में इन विशेष विषयों को शामिल किया गया है।
चार दिवसीय कार्यक्रम के दौरान “लाइफस्टाइल मैनेजमेंट”, “स्ट्रेस मैनेजमेंट”, “मैं और मेरा मन” तथा “ध्वनि से वास्तविक सुख की खोज” विषयों पर विशेष सत्र आयोजित किए जा रहे हैं। प्रत्येक सत्र में लगभग 250 मेडिकल विद्यार्थियों की सहभागिता बताई गई है। सत्रों के माध्यम से विद्यार्थियों के साथ संवादात्मक तरीके से विभिन्न विषयों पर चर्चा की जा रही है तथा उन्हें दैनिक जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
लाइफस्टाइल मैनेजमेंट सत्र में विद्यार्थियों को स्वस्थ एवं संतुलित दिनचर्या, समय प्रबंधन, खान-पान, पर्याप्त विश्राम तथा व्यस्त जीवन के बीच स्वयं के लिए समय निकालने जैसे विषयों की जानकारी दी जा रही है। वहीं स्ट्रेस मैनेजमेंट सत्र में पढ़ाई और प्रशिक्षण के दौरान उत्पन्न होने वाले तनावपूर्ण हालात से प्रभावी ढंग से निपटने, मन को शांत रखने और परिस्थितियों के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करने पर चर्चा की जा रही है।
इसी क्रम में “मैं और मेरा मन” विषय के माध्यम से विद्यार्थियों को अपने विचारों, भावनाओं और मन की कार्यप्रणाली को समझने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। विद्यार्थियों को यह समझाने का प्रयास किया जा रहा है कि विचारों और भावनाओं को समझकर तथा उन पर संतुलित ढंग से कार्य करके व्यक्ति अपने जीवन में बेहतर निर्णय ले सकता है। “ध्वनि से वास्तविक सुख की खोज” विषय पर आयोजित सत्र में आंतरिक शांति, सकारात्मकता और आनंद से जुड़े पहलुओं पर चर्चा की जा रही है।
सेमिनार के दौरान विद्यार्थियों ने वक्ताओं के साथ संवाद भी किया और अपने दैनिक जीवन तथा मेडिकल शिक्षा से जुड़े अनुभवों को साझा किया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों को यह संदेश दिया जा रहा है कि चिकित्सा क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए ज्ञान और कौशल के साथ-साथ स्वयं का मानसिक एवं भावनात्मक संतुलन बनाए रखना भी महत्वपूर्ण है।
कार्यक्रम के दौरान इस्कॉन बीकानेर की ओर से सभी विद्यार्थियों को प्रसाद भी वितरित किया गया। विद्यार्थियों ने प्रसाद ग्रहण किया और कार्यक्रम के आध्यात्मिक एवं सकारात्मक वातावरण का अनुभव किया। इस दौरान इस्कॉन बीकानेर के भक्तों एवं सेवादारों ने विद्यार्थियों के बीच प्रसाद वितरण की व्यवस्था संभाली।
इस्कॉन बीकानेर से जुड़े भक्तों ने बताया कि मेडिकल विद्यार्थियों का जीवन सामान्य विद्यार्थियों की तुलना में पढ़ाई, प्रैक्टिकल प्रशिक्षण, परीक्षाओं और भविष्य की जिम्मेदारियों से काफी व्यस्त रहता है। ऐसे में जीवनशैली, तनाव, मन और आंतरिक प्रसन्नता जैसे विषयों पर समय-समय पर संवाद विद्यार्थियों को अपने व्यक्तिगत एवं व्यावसायिक जीवन के बीच बेहतर संतुलन स्थापित करने में सहायक हो सकता है।
16 से 19 सितंबर तक चलने वाले इस चार दिवसीय कार्यक्रम के माध्यम से मेडिकल विद्यार्थियों के समग्र विकास, स्वस्थ जीवनशैली, मानसिक संतुलन और सकारात्मक सोच को बढ़ावा देने का प्रयास किया जा रहा है। कार्यक्रम के आयोजकों के अनुसार, चिकित्सा क्षेत्र में प्रवेश करने वाले युवा विद्यार्थियों को प्रारंभिक स्तर पर ही अपने जीवन और मन के प्रति जागरूक करना इस पहल का प्रमुख उद्देश्य है।@all















