
बीकानेर, 10 जून। विचक्षण ज्योति साध्वीश्री चन्द्र प्रभा की शिष्या साध्वीश्री चंदन बाला सान्निध्य में रांगड़ी चौक के सुगनजी महाराज के उपासरे में चल रही ’’स्वयं की शक्ति पहचने’’ विषयक प्रवचन माला में साध्वीश्री रत्न निधि ने कहा कि स्वयं को पहचानें। काम,क्रोध, लाभ व मोह रूपी कसायों से बचें। जीवन को सरलता,सहृदयता, सहजता,सहिष्णुता व सद्भाव आदि गुणों से विभूषित करें।
उन्होंने कहा कि चिंतन, मनन, साधना, आराधना तथा प्रभु भक्ति के साधनों से क्रोध पर नियंत्रण करने का प्रयास करें। अहंकार का त्याग कर वाणी का सही उपयोग करें।
सामूहिक सामयिक आज
साध्वीश्री विचक्षणश्रीजी की शिष्या साध्वीश्री विजय प्रभा का 55 वां संयम दिवस मंगलवार को सुबह पौने नौ बजे रांगड़ी चौक के सुगनजी महाराज के उपासरे में सामूहिक सामयिक व गुणानुवाद सभा के साथ आयोजित किया जाएगा। साध्वीश्री चंदन बाला ने बताया कि पीपाड़ शहर की साध्वीश्री विजय प्रभा ने 55 वर्ष पूर्व हैदराबाद में आचार्य पीयूष सागर सूरीश्वरजी के गुरु उदय सागर सूरिश्वरजी के सान्निध्य में साध्वीश्री विचक्षणश्री से दीक्षा ग्रहण की थी। इनका सांसारिक नाम चन्द्र कला उर्फ मुनि तथा माता-पिता धर्मनिष्ठ श्राविका मनोहर बाई व बंशीलाल बोहरा तथा आचार्यश्री व साध्वीश्री की प्रेरणा व आशीर्वाद से संयम जीवन अंगीकार किया। बीते 55 वर्षों में उन्होंने हजारों किलोमीटर की पद यात्रा कर देव, गुरु व धर्म के प्रति श्रावक-श्राविकाओं में निष्ठा जगाई।
रेलदादाबाड़ी में ध्वजारोहण आज
चारों दादा गुरुओं की गंगाशहर रोड पर स्थित रेलदादाबाड़ी में मंगलवार को सुबह दस बजे वार्षिक ध्वजारोहण, गुरु इकतीसा पाठ सहित विविध आयोजन होंगे।
आचार्यश्री पीयूष सागर सूरीश्वरजी आज नोखा में
जैन श्वेताम्बर खरतरगच्छ के आचार्यश्री जिन पीयूष सागर सूरीश्वरजी मंगलवार को सुबह श्रीबालाजी से पैदल विहार करते अपने सहवृति मुनियों के साथ पहुंचेंगे। जिनेश्वर युवक परिषद के मंत्री मनीष नाहटा ने बताया कि आचार्यश्री मंगलवार शाम नोखा के औद्योगिक क्षेत्र में, बुधवार को सुबह भामटसर, 13 जून को देशनोक, 14 जून को उदयरामसर व शाम को भीनासर, 15 जून को रेल दादाबाड़ी पहुंचेंगे।
प्रवेश व शोभायात्रा 16 को
आचार्यश्री जिन पीयूष सागर सूरीश्वरजी की नगर प्रवेश व शिवबाड़ी के गंगेश्वरर पार्श्वनाथ तीर्थ की अंजनश्लाका व प्रतिष्ठा महोत्सव में प्रतिष्ठित होने वाली 9 जिन प्रतिमाओं की शोभायात्रा 16 जून को सुबह सात बजे गौड़ी पार्श्वनाथ से निकलेगी। नौ प्रतिमाओं में भगवान आदिनाथ, भगवान महावीर स्वामी, शंखेश्वर पार्श्वनाथ, नाकोड़ा पार्श्वनाथ, गौतम स्वामी, मणिधारी दादा जिन चन्द्र सूरीश्वरजी, नाकोड़ा भैरव, देवी पद्मावती की सफेद संगमरमर की तथा एक धातु की भगवान पार्श्वनाथ की प्रतिमा शामिल है। श्री जैन श्वेताम्बर खरतरगच्छ संघ, श्री सुगनजी महाराज उपासरा ट्रस्ट, श्री गंगेश्वर पार्श्वनाथ प्रतिष्ठा समिति, श्री पार्श्वनाथ जैन मंदिर जीर्णोंद्धार समिति व श्री जिनेश्वर युवक परिषद के सदस्य गुरुदेव के प्रवेश व जिन प्रतिमाओं की शोभायात्रा की तैयारियों में लगे है। जिनेश्वर युवक परिषद के अध्यक्ष संदीप मुसरफ ने बताया कि प्रतिमाओं को नाहटा चौक के उपाश्रय में रखा जाएगा तथा प्रतिष्ठा महोत्सव के पहले दिन को शिवबाड़ी के गंगेश्वर पार्श्वनाथ मंदिर ले जाया जाएगा। शिवबाड़ी में प्रतिष्ठा महोत्सव 27 जून से एक जुलाई तक होगा।














