Bikaner Live

*सुपर हीरो से हीरोगिरी तक….*
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✍️ दिलीप कुमार गुप्ता

बीकानेर 5 अगस्त 2022 कहते हैं कि अगर किसी भी प्रकार की कोई आपकी सुविधा को ध्यान में रखते हुए कोई प्रशासनिक अधिकारी कोई भी निर्णय लेता है तो यह निश्चित रूप से सर्वविदित है कि दूसरे पक्ष को उस निर्णय से  तकलीफ होगी और यही इतनी सी बात उस अधिकारी को सुपर हीरो से हीरोगिरी के मुकाम पर ला खड़ा कर देगा!

बीकानेर की वरिष्ठ प्रशासनिक सुधार करने वाले अधिकारी ने हर अभिभावक की चिंता को समझते हुए बाल वाहिनी कि व्यवस्था में सुधार व उनके लिए कुछ बाल वाहिनी की मनमानी को रोकते हुए नियमानुसार गाड़ी में बच्चों की संख्या मोबाइल नंबर हेल्पलाइन गाड़ी के कागजात पूरे होने जैसी मामलों में नियम पर चलने के लिए 15 दिन  पूर्व ही बाल वाहिनी संचालकों से और उनके संगठन के बड़े लोगों को आगाह किया! समय देने और समय व्यतीत हो जाने के बाद  भी अधिकांश बाल वाहिनी नियम विरुद्ध नियमत आवागमन करती रही और जब उनकी समय सीमा समाप्त हो गई नियमानुसार अपनी व्यवस्था सुधारने की बजाए और उन्होंने अपनी हठधर्मिता दिखाते हुए अचानक  कोमल बच्चों को परेशान करना चालू कर दिया बिना सूचना बिना किसी पूर्व सूचना के बच्चों को स्कूल से लेने नहीं गए मीडिया सूत्रों के अनुसार उस दिन अभिभावक और बच्चे बहुत परेशान हुए और इसी का माहौल बनाते हुए विभिन्न संगठन बाल वाहिनी संचालक उत्साहवर्धन होकर राजनीतिक संगठनात्मक माहौल बनाने में सक्षम हो गए! , हड़ताल पर जाना आपका अधिकार है अपनी बात रखने के लिए पूर्व सूचना देना भी आपका कर्तव्य है बच्चों को सकुशल पहुंचाना भी आपका अधिकार है! आपका अचानक हड़ताल पर जाना और सुपर हीरो द्वारा आपको समय देखकर व्यवस्था में सुधार लाने का प्रयास करना एक दूसरे के विपरीत प्रतीत होते हैं!
सुपर हीरो ने तो बस बच्चों की सुरक्षा आवागमन में सुविधा इमरजेंसी में हेल्पलाइन नंबर बाल वाहिनी के फिटनेस आदि के बारे में सुपर सोच रखते हुए सुधार की दिशा में एक कदम उठाया था ! यह सुधार का कदम आम जनता अभिभावक स्कूल और सबसे बड़ी बात बच्चों के लिए बहुत अच्छा कदम है !
यह कदम सराहनीय ही नहीं छात्र छात्राओं के लिए स्कूल जाने वह घर तक सुरक्षित पहुंचने के लिए अत्यंत ही सराहनीय कदम था! जरूरत थी इस कदम में सभी को अभिभावक बाल वाहिनी संचालक सभी को सहयोग करते हुए अपना सहयोग देना चाहिए था! उम्मीद है प्रशासनिक नेतृत्व द्वारा जो कदम उठाया गया वह कदम आम अभिभावक के साथ-साथ बाल वाहिनी संचालकों के लिए भी लाभप्रद होता!
जब कोई प्रशासनिक अधिकारी लगातार अच्छे निर्णय लेकर आम जनता को लाभ देना चाहता है तब ही जनता या मीडिया उसे सुपर हीरो बनाती है! बीकानेर में सुधार हेतु प्रशासन द्वारा जो भी निर्णय लिए गए हैं वह उनकी सुपर सोच का प्रमाण है !

*बाकी जिसकी जैसी सोच…..*

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