निजी विद्यालय सेवा समिति नोखा ने अध्यक्ष मदनलाल सियाग के नेतृत्व में मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी नोखा के माध्यम से जिला शिक्षा अधिकारी प्रारंभिक एवं माध्यमिक बीकानेर को अनुचित तरीके से लिए जा रहे अतिरिक्त परीक्षा शुल्क के विरोध में परीक्षा परिणाम अनुमोदन नहीं कराने के बारे में विभाग को ज्ञापन सौंपा । ज्ञापन में समिति के संरक्षक रामस्वरूप जाणी ने बताया कि राजकीय और निजी विद्यालय में परीक्षा परिणाम अनुमोदन की एक समान व्यवस्था ऑनलाइन ही होनी चाहिए क्योंकि इस हेतु सरकार ₹1000 पीएसपी पोर्टल रख रखाव के भी हमसे लेती है फिर भी उस पोर्टल पर किसी प्रकार की सुविधा निजी विद्यालयों को नहीं दी जा रही है । वार्षिक परीक्षा के पेपर के लिए भी विभाग कक्षा 10 और 12 के वार्षिक परीक्षा के पेपर जो कि मा. शि. बोर्ड करवाती है उसके बावजूद उनका शुल्क विभाग द्वारा वसूला जा रहा है जो कि अनुचित है। ज्ञापन में यह भी बताया गया कि निजी विद्यालयों के बच्चों की फीस बाकी होने पर प्रवेश पत्र, अंक तालिका और टी. सी.रोकने पर विभाग मना करता है तो फिर ₹10 अतिरिक्त परीक्षा शुल्क के बाकी होने पर परीक्षा परिणाम अनुमोदन से क्यों रोका जा रहा है ? राजस्थान के अधिकांश जिलों में परीक्षा परिणाम अनुमोदन की व्यवस्था समाप्त किए काफी समय हो गया लेकिन बीकानेर जिले में अभी भी यह व्यवस्था लागू है तो हमारी मांग है कि राजकीय और निजी विद्यालयों में परीक्षा परिणाम अनुमोदन की व्यवस्था एक समान ऑनलाइन होनी चाहिए। ज्ञापन देने में महावीर प्रसाद गहलोत, केशवदान चारण,जेठाराम कुमावत, रामकुमार चौधरी, ललित पालीवाल आदि निजी विद्यालय संचालक उपस्थित रहे।














