



नोखा । यहां तहसील परिसर स्थित श्री आर्केश्वर महादेव मंदिर में 11 अक्टूबर से 17 अक्टूबर तक आयोजित हो रही संगीतमयी सप्तदिवसीय श्रीमद् भागवत कथा के पांचवें दिन बुधवार को व्यास पीठ पर विराजित विद्वान पंडित ओमप्रकाश महर्षि ने भगवान की बाल लीलाओं पूतना वध, वेरूगीत, चीर हरण, गोवर्धन धारण और छप्पन भोग आदि प्रसंगों की कथाओं का रसास्वादन करवाते हुए उपस्थित नर- नारी श्रोताओं को भाव विभोर कर दिया । लाला कन्हैया को करने आई पूतना का कल्याण करने और सतासुर उद्धार की कथा सुनाई । कथा प्रसंगानुसार पंडित प्रेम शास्त्री द्वारा भजनों छोटी-छोटी गैयां छोटे-छोटे ग्वाल छोटे सो मेरो मदन गोपाल की प्रस्तुति व संगीतकार मोंटू उर्फ प्रमोद व्यास बीकानेर द्वारा तबले पर अपनी उंगलियों का कर्तब दिखाते हुए कथा में चार चांद लगा रहे हैं । वहीं शास्त्री सुरेंद्र जोशी विधिविधान से पूजा अर्चना करवा रहे हैं । पांचवें दिन बुधवार को कथा में 56 भोग का आयोजन मारवाड़ी महिला समिति व अंतराष्ट्रीय माहेश्वरी कपल क्लब नोखा में संयुक्त तत्वाधान में किया गया । इस दौरान दोनों संस्थाओं की अध्यक्ष सुशमा बजाज, सचिव सरोज राठी व प्रिया राठी और माहेश्वरी अंतरराष्ट्रीय क्लब के जिला अध्यक्ष उमेश राठी सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे ।कथा में छगनलाल राठी सपत्नीक प्रिया राठी व सेवा निवृत व. अध्यापिका सुशीला बिश्नोई के पुत्र और पुत्रवधू मुख्य श्रोता के रूप में भागवत कथा का पान किया गुरुवार को भगवान के विवाह की कथा के दौरान सजीव झांकी के दर्शन का लाभ मिलेगा और इसी दिन कंस वध की कथा होगी ।














