बीकानेर पुलिस की दो बड़ी कार्रवाई: 75 हजार के इनामी नार्को-आर्म्स सरगना गिरफ्तार, 1.79 करोड़ की अवैध संपत्ति फ्रीज
बीकानेर, 5 अगस्त बीकानेर पुलिस ने मंगलवार को नशा तस्करी और अवैध हथियारों के सिंडिकेट के खिलाफ दो बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। एक ओर 75 हजार रुपये के इनामी मास्टरमाइंड को गिरफ्तार किया गया तो वहीं ‘ऑपरेशन नीलकंठ’ के तहत 1.79 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति फ्रीज की गई।
1. नार्को-आर्म्स सिंडिकेट का मास्टरमाइंड राकेश प्रजापत गिरफ्तार
पुलिस अधीक्षक मृदुल कच्छावा के निर्देशन में साइबर सेल, जिला स्पेशल टीम और खाजूवाला थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने अंतरराष्ट्रीय नार्को-आर्म्स सिंडिकेट के मुख्य आरोपी राकेश प्रजापत को गिरफ्तार किया है। उस पर बीकानेर रेंज आईजी द्वारा 50 हजार और पाली एसपी द्वारा 25 हजार रुपये का इनाम घोषित था।
पुलिस के अनुसार राकेश प्रजापत लंबे समय से फरार चल रहा था और राजस्थान, पंजाब, गोवा व कर्नाटक में इसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट, आर्म्स एक्ट समेत कुल 22 आपराधिक मामले दर्ज हैं।
जांच में सामने आया कि आरोपी अप्रैल 2026 में बीकानेर में हुई करीब 75 करोड़ रुपये की हेरोइन की ड्रोन ड्रॉपिंग और 2 अगस्त 2026 को खाजूवाला क्षेत्र में हुई नार्को-आर्म्स ड्रोन ड्रॉपिंग का मास्टरमाइंड था। वह सीमा पार से आने वाली हेरोइन और हथियारों की खेप को आगे सप्लाई करवाता था।
गिरफ्तारी बेहद चुनौतीपूर्ण रही। कई दिनों तक राजस्थान, पंजाब में निगरानी और तकनीकी विश्लेषण के बाद मुखबिर की सूचना पर अमृतसर-जामनगर एक्सप्रेस-वे पर पंजाब से जोधपुर की ओर ट्रक से भाग रहे आरोपी को दबोचा गया।
पूछताछ में राकेश ने बताया कि 2024-25 में पंजाब की फरीदकोट जेल में रहने के दौरान उसका संपर्क अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट से हुआ। जेल से छूटने के बाद वह फर्जी पहचान और अलग-अलग सोशल मीडिया आईडी से रह रहा था। पुलिस को उम्मीद है कि उसकी गिरफ्तारी से इस नेटवर्क की अन्य कड़ियां भी खुलेंगी।
2. ऑपरेशन नीलकंठ: 1.79 करोड़ की अवैध संपत्ति फ्रीज
इसी क्रम में एसपी मृदुल कच्छावा के निर्देशन में चल रहे ‘ऑपरेशन नीलकंठ’ के तहत पुलिस ने नशा तस्करों की अवैध कमाई पर शिकंजा कसा है। एनडीपीएस एक्ट की धारा 68F के तहत करीब 1 करोड़ 79 लाख 5 हजार 609 रुपये की संपत्ति फ्रीज करवाई गई है।
सदर थाना क्षेत्र के तस्कर सत्तार अली उर्फ सत्तार भुट्टा के भुट्टों का बास स्थित 30 लाख रुपये का मकान और फत्तेपुरा गली स्थित 80 लाख रुपये का मकान सीज किया गया। आरोपी के परिवार के बैंक खातों में जमा राशि भी फ्रीज की गई।
वहीं दूसरे तस्कर फिरोज उर्फ जग्गू की बीकानेर क्षेत्र में स्थित 7.90 बीघा कृषि भूमि, जिसकी कीमत करीब 48 लाख रुपये है, को भी फ्रीज किया गया।
पुलिस के अनुसार सत्तार अली और उसके पुत्रों सिकंदर अली, साजिद खान, अनीश व साहिल के खिलाफ कुल 37 आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं। सिकंदर, साजिद और साहिल हिस्ट्रीशीटर हैं। शहजाद अली और उसके पुत्र फिरोज उर्फ जग्गू के खिलाफ भी कई गंभीर मामले दर्ज हैं।
एसपी मृदुल कच्छावा ने बताया कि नशा तस्करी से जुड़े अन्य अपराधियों की संपत्तियों की पहचान कर ली गई है। आने वाले दिनों में उनके खिलाफ भी इसी तरह की कार्रवाई होगी। उन्होंने आमजन से अपील की कि नशा तस्करी की सूचना पुलिस को दें, सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।










