बीकानेर, 6 अगस्त। अखिल भारतीय साधुमार्गी जैन संघ के हुक्म संघ के नवम पट्टधर आचार्य प्रवर 1008 रामलालजी म.सा.,व उपाध्याय प्रवर राजेश मुनि के चातुर्मास (समर्पण महोत्सव-2026 ) के तहत छबीली घाटी के सेवासदन में चल रहे समता बहु मंडल की ’’जीवन को सुन्दर और सार्थक बनाने की विशेष कार्यशाला का समापन 9 अगस्त को होगा।
समता बहू मंडल की अध्यक्ष मोनिका कोठारी ने बताया कि ने बताया कि 3 अगस्त से साध्वी अक्षिता श्रीजी के सान्निध्य में चल रही विशेष कार्यशाला में देखने की कला, सुनने की कला, संवाद की कला तथा गुरुवार को सोचने की कला पर विशेष सत्र हुए। दोपहर ढाई बजे से साढ़े तीन बजे एक घंटे चलने वाली कार्यशाला में शुक्रवार को ’’खान पान की कला’’, शनिवार को जीने की कला व 9 अगस्त को कार्यशाला के अंतिम दिन ’’ क्षमा करने की कला’ विषय पर विशेष व्याख्यान होगा। समता बहू मंडल की मंत्री जया गोलछा ने बताया कि 45 वर्ष तक की श्राविकाएं कार्यशाला में हिस्सा ले रही है। इनमें साधुमार्गी के साथ कुछ जैन श्वेताम्बर तेरापंथ, खरतरगच्छ, पाश्र्वचन्द्र गच्छ व तपागच्छ जैन की श्राविकाएं भी उत्साह व श्रद्धा भाव से शामिल हो रही है।













